घरेलू LPG सिलेंडर इस्तेमाल करने वाले करोड़ों उपभोक्ताओं के लिए 1 अक्टूबर 2026 से अहम बदलाव लागू होने जा रहा है। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के अनुसार, सब्सिडी के साथ रेगुलेटेड रिटेल सेलिंग प्राइस (RSP) पर घरेलू LPG रिफिल बुक करने के लिए बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन (BAA) पूरा होना जरूरी होगा। Writer by Mohit Kumar 21-9-2026 11:50 am किन उपभोक्ताओं को करना होगा BAA जिन LPG उपभोक्ताओं ने पहले ही अपना बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन पूरा कर लिया है, उन्हें दोबारा कोई प्रक्रिया करने की जरूरत नहीं होगी। उनकी LPG रिफिल बुकिंग पहले की तरह जारी रहेगी। वहीं, जिन उपभोक्ताओं का BAA अभी तक पूरा नहीं हुआ है, उन्हें सब्सिडी वाले घरेलू सिलेंडर की बुकिंग के लिए पहले ऑथेंटिकेशन पूरा करना होगा। सरकार के मुताबिक, इसका उद्देश्य सब्सिडी का लाभ वास्तविक और पात्र परिवारों तक पहुंचाना है। कैसे पूरा कर सकते हैं आधार ऑथेंटिकेशन? उपभोक्ताओं को इसके लिए LPG एजेंसी तक जाना जरूरी नहीं है। सरकार ने कई विकल्प दिए हैं— सिलेंडर की डिलीवरी के समय डिलीवरी कर्मचारी के माध्यम से BAA कराया जा सकता है। LPG वितरक के शोरूम पर जाकर ऑथेंटिकेशन कराया जा सकता है। संबंधित तेल कंपनी के मोबाइल ऐप से घर बैठे प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। Indane उपभोक्ता IndianOil ONE, Bharatgas उपभोक्ता HelloBPCL और HP Gas उपभोक्ता HP PAY ऐप का इस्तेमाल कर सकते हैं। अगर कोई उपभोक्ता BAA नहीं कराना चाहता तो? सरकार के अनुसार, जो उपभोक्ता BAA कराने में असमर्थ हैं या इसे नहीं कराना चाहते, वे अपनी तेल कंपनी के डिजिटल चैनल, मोबाइल ऐप, WhatsApp चैटबॉट या IVRS के जरिए अपनी पसंद दर्ज करा सकते हैं। ऐसे मामलों में LPG बिना सब्सिडी के बाजार मूल्य पर उपलब्ध कराई जा सकती है। 5 किलो या 10 किलो सिलेंडर की उपलब्धता स्थानीय स्थिति पर निर्भर करेगी। करीब 90 फीसदी उपभोक्ता पहले ही कर चुके हैं ऑथेंटिकेशन सरकार के आंकड़ों के मुताबिक 19 सितंबर 2026 तक 27.43 करोड़ सक्रिय घरेलू LPG उपभोक्ता, यानी करीब 89.9 प्रतिशत, बायोमेट्रिक आधार ऑथेंटिकेशन पूरा कर चुके थे। सरकार ने उपभोक्ताओं से 1 अक्टूबर से पहले BAA पूरा करने की अपील की है। सरकार का कहना है कि आधार ऑथेंटिकेशन से डुप्लीकेट और अयोग्य कनेक्शन की पहचान करने तथा सब्सिडी वाले सिलेंडरों के गलत इस्तेमाल को रोकने में मदद मिलेगी। LPG सेवाओं से संबंधित सहायता के लिए टोल-फ्री नंबर 1800-2333-555 पर संपर्क किया जा सकता है। Post Views: 2 Post navigation पिटबुल नस्ल के कुत्तों को आक्रामक क्यों माना जाता है? जानिए इसके पीछे की पूरी वजह