Edited By: Mohit Kumar Updated:

Sat, 08 Jun 2026 05:20 PM (IST)

ला लीग के प्लेयर ऑफ द सीजन चुने गए 18 वर्षीय यमाल स्पेन के साथ विश्व कप भी जीतना चाहते हैं और बहुत बड़ा फुटबॉलर भी बनना चाहते हैं।

लामिने यमाल

स्‍पोर्ट्स डेस्‍क,

फुटबॉल की दुनिया के नए सुपरस्टार लामिने यमाल अपने पहले विश्व कप के लिए तैयार हैं। हाल ही में ला लीग के प्लेयर ऑफ द सीजन चुने गए 18 वर्षीय यमाल स्पेन के साथ विश्व कप भी जीतना चाहते हैं और बहुत बड़ा फुटबॉलर भी बनना चाहते हैं।

लेकिन उन्हें अगला मेसी, रोनाल्डो, एमबापे या नेमार नहीं बनना। यमाल की इच्छा है कि लोग इन दिग्गजों के साथ उनका नाम लें, ना कि उनकी तुलना इनसे करें। फीफा विश्व से पहले यमाल के साथ विशेष बातचीत हुई। प्रस्तुत हैं विशेष अंश:

18 साल की उम्र में फीफा विश्व कप पदार्पण, कैसा लग रहा है?

निश्चित तौर पर खास है। ये बात इसलिए और खास हो जाती है कि कि हम इस विश्व कप में मौजूदा यूरो कप चैंपियन के रूप में जा रहे हैं। हमारे पास बहुत सारे युवा खिलाड़ी हैं जिन्हें आकर्षक फुटबॉल खेलना बहुत पसंद है। बचपन में जब फुटबॉल खेलना शुरू किया था तभी से विश्व कप खेलने का सपना देखा था। बीते दो विश्व कप, जिनमें स्पेन खेला था मैंने उन दोनों को ही बहुत करीब से देखा था। इसलिए ये तीसरा विश्व कप होगा जिसका मैं हिस्सा बनूंगा-अविश्वसनीय लगता है।

कभी ऐसा लगा कि आपके जीवन में सब कुछ बहुत जल्दी हो जा रहा है?

बिल्कुल नहीं। जो मिल जाए, सब स्वीकार है। मैं हमेशा से फुटबॉलर बनना चाहता था और मैंने अपना पसंदीदा खेल खेलने के अलावा कुछ किया ही नहीं। इसलिए मुझे जब भी फुटबॉल खेलने का मौका मिला, मैंने खेला। फिर चाहे वो क्लब के लिए हो या देश के लिए। मैंने इस बारे में ज्यादा सोच-विचार नहीं किया।

2010 में चैंपियन बनने के बाद से स्पेन बीते तीन बार से कभी सेमीफाइनल तक भी नहीं जा पाया। इस बार क्या बदलेगा?

भविष्यवाणी करना नामुमकिन है, खासतौर से विश्व कप में। लेकिन हमें पता है कि हम बेहतरीन खिलाड़ियों का एक दल हैं जो देश के लिए मैदान पर अपना सबकुछ देना चाहते हैं। हमारा क्वालिफिकेशन चरण लगभग परफेक्ट था (पांच जीत और एक ड्रा) और हमने सीधे विश्व कप में जगह बनाई है। लगभग दो साल के हम एक भी मैच नहीं हारे हैं। ये चीजें हमारी निरंतरता दिखाती हैं। हम आने वाले विश्व कप में भी यही करना चाहते हैं।

ग्रुप एच में अगर पेपर पर देखें तो सिर्फ उरुग्वे की टीम आपको टक्कर देती दिख रही है। सऊदी अरब और केप वेर्डे के बारे में तो चिंता करने की जरूरत नहीं लगती?

आप कभी भी ऐसा नहीं कह सकते। सारी 48 टीमें सम्मान की हकदार हैं। वो यहां हैं, क्योंकि उन्होंने ये हासिल किया है और कोई कैसे भूल सकता है कि सऊदी ने कतर में अर्जेंटीना को हराया था। वो भी पहले ही मैच में। उरुग्वे का सामना करना हमेशा ही मुश्किल होता है। उनका फुटबॉल का इतिहास बहुत कमाल का है और वह मजबूत दावेदारों में से एक हैं।

स्पेन को विश्व कप जीतने के सबसे बड़े दावेदारों में से एक माना जा रहा है। आप इस बारे में क्या सोचते हैं?

मैं इन सब को नहीं मानता। फुटबॉल मैदान पर खेली जाती है, पेपर पर नहीं। पिछले यूरो में किसी ने नहीं कहा था कि हम जीतेंगे, लेकिन हम जीते। अब लोग कह रहे हैं कि हम विश्व कप जीतने के दावेदार हैं। लेकिन ये सब चीजें ना तो आपको बेहतर खेलने में मदद करती हैं और ना ही इनके चलते आप ज्यादा गोल मार पाते हैं। हम फुटबालर्स को ये मैदान पर करना पड़ता है।

ग्रुप स्टेज के बाद मुकाबले और कठिन होंगे। आपके इस बारे में क्या विचार हैं?

मैं अभी नाकआउट के बारे में नहीं सोच रहा हूं। ग्रुप में हमारे पास तीन मैच होंगे और हमारा ध्यान अभी उन्हीं तीन पर है। हमें पहले नॉकआउट तक पहुंचने तो दीजिए। उसके बाद ही विपक्षियों के बारे में सोचेंगे। हम मैच दर मैच ही चलेंगे।

अगर आपको इस विश्व कप का फेवरेट चुनना हो?

अर्जेंटीना, फ्रांस, पुर्तगाल, इंग्लैंड समेत कई देश हैं। विश्व कप आपको आश्चर्यचकित करने का मौका कभी नहीं छोड़ता। विश्व कप शुरू होने से पहले हमें किसी भी टीम को हल्के में नहीं लेना चाहिए।

अभी से आपकी तुलना लियोन मेसी से हो रही है।

मैंने हमेशा कहा है कि मैं अगला मेसी नहीं बनना चाहता। मैं लामिने ही रहना चाहता हूं। मैं मेसी का सम्मान करता हूं। उन्होंने अपने करियर में बहुत कुछ हासिल किया है। वह बहुत शानदार हैं। लेकिन मैं सच में अगला मेसी, रोनाल्डो, एमबापे या नेमार नहीं बनना चाहता। अगर मैं उस लेवल तक पहुंच पाया कि लोग इन दिग्गजों से तुलना की जगह मेरा नाम इनके साथ ले पाएं, तो मुझे बहुत खुशी होगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *