NEET विवाद पर सरकार से अहम बैठक: CJP बोली—धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर कल तक का समय मांगा गया Writer by Mohit Kumar 24-7-2026 pm नई दिल्ली। देश की शिक्षा व्यवस्था, NEET परीक्षा और छात्रों के भविष्य को लेकर चल रहे आंदोलन के बीच सरकार और Cockroach Janta Party (CJP) के प्रतिनिधिमंडल के बीच हुई वार्ता के बाद एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया है। CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने दावा किया कि सरकार ने उनकी कई मांगों पर सकारात्मक रुख दिखाया है और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के मुद्दे पर कल तक का समय मांगा है। सौरव दास के अनुसार, बैठक में केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह मौजूद थे। उन्होंने कहा कि CJP ने सरकार के सामने अपनी मांगें मौखिक और लिखित रूप से रखीं और स्पष्ट किया कि ये केवल राजनीतिक मांगें नहीं, बल्कि लाखों छात्रों और उनके परिवारों के न्याय से जुड़ी मांगें हैं। पहली मांग: धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर फैसला सौरव दास ने कहा कि उनकी पहली और सबसे महत्वपूर्ण मांग है कि केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान या तो स्वयं इस्तीफा दें या सरकार उन्हें मंत्रिमंडल से हटाए। उनका दावा है कि सरकार ने इस मुद्दे पर तत्काल निर्णय नहीं लिया, लेकिन कल तक का समय मांगा है। दूसरी मांग: मृत छात्रों के परिवारों को ₹1 करोड़ मुआवजा CJP ने मांग रखी कि शिक्षा व्यवस्था और NEET से जुड़ी कथित अनियमितताओं के कारण जिन छात्रों ने आत्महत्या की, उनके प्रत्येक परिवार को ₹1 करोड़ का मुआवजा दिया जाए। सौरव दास के अनुसार, सरकार ने इस मांग पर सकारात्मक रुख अपनाया है। तीसरी मांग: प्रदर्शनकारियों पर दर्ज FIR वापस हों CJP ने मांग की कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन में शामिल छात्रों और युवाओं पर दर्ज सभी FIR वापस ली जाएं और भविष्य में ऐसे मामलों में कार्रवाई न करने की लिखित संप्रभु (Sovereign) गारंटी दी जाए। सौरव दास का दावा है कि सरकार ने इस पर भी सैद्धांतिक सहमति जताई है। पांच सूत्रीय नीति सुधार प्रस्ताव भी सौंपा प्रतिनिधिमंडल ने शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, परीक्षा सुरक्षा, जवाबदेही और छात्रों के हितों से जुड़े पांच सूत्रीय नीति मांग–पत्र भी सरकार को सौंपा। CJP का कहना है कि सरकार इस पर भी आगे चर्चा के लिए तैयार है। कल होगी अगली बैठक सौरव दास के अनुसार, सरकार ने प्रतिनिधिमंडल को कल फिर बैठक के लिए बुलाया है, जहां लंबित मुद्दों, विशेष रूप से शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और नीति सुधारों पर आगे चर्चा होगी। महत्वपूर्ण तथ्य यह जानकारी CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास के दावे पर आधारित है। यदि यह सही है कि सरकार ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे के प्रश्न पर कल तक का समय मांगा है, तो यह अभी सरकार की आधिकारिक पुष्टि नहीं मानी जाएगी। सरकार की ओर से औपचारिक घोषणा या बयान आने के बाद ही अंतिम स्थिति स्पष्ट होगी। Post Views: 2 Post navigation पेपर लीक पर मंथन: आधी रात छात्रों से बोले प्रधानमंत्री, अब सख्त कानून की तैयारी, शिक्षा व्यवस्था में बड़े बदलाव के संकेत दिल्ली में सरकार और CJP के बीच बड़ी बैठक, युवाओं और शिक्षा के मुद्दों पर हुई अहम चर्चा